भक्तों की लिस्ट और हनुमान जी 

​नारद जी स्वभाव से ही महा प्रपंची हैं। कुछ रोज़ हुए वो भगवान के पास पहुंचे और कहने लगे कि देखिये भगवान् अब RTI एक्ट पारित हो चुका है तो मुझे कुछ information चाहिये। भगवान ने कहा कि बोलिए आप क्या जानना चाहते हैं। नारद जी बोले कि – मैंने सुना है कि आपके पास अपने top ten भक्तों की एक लिस्ट है। I want to have that..

भगवान् नें अपना laptop खोला और printout मार दिया। नारद जी ने लिस्ट देखी और बहुत खुश हो गए क्योंकि उसमें हनुमान जी का नाम ही नहीं था !

फटाफट हनुमान जी के पास पहुंचे और बोले – आप तो अपने को भगवान् का बड़ा भक्त बताते हैं। ये रही लिस्ट भगवान के top ten भक्तों की। आपका तो नाम ही नहीं है 😂

हनुमान जी भगवान् का ध्यान कर रहे थे। बड़ी शांति से मुस्कुराये और बोले – महाराज ये Final लिस्ट नहीं है। एक और लिस्ट है जो main लिस्ट है 🙂

अब नारद जी बड़े नाराज़ हो गए। पहुंचे दनदनाते हुए भगवान् के पास और गुस्से से बोले – हुंह आपने हमको final लिस्ट क्यों नहीं दी जो असली वाली है ।

भगवान् ने कहा कि भाई तुमने मांगी ही नहीं । ये लो ये दूसरी लिस्ट..

नारद जी ने लिस्ट देखी और उछल गए – अरे इसमें तो हनुमान जी का नाम सबसे अव्वल नंबर पर है । ये क्या बात हुई !

भगवान् ने समझाया – दरअसल पहली लिस्ट उनको भक्तों की थी जो मुझे बहुत प्यार करते हैं और दूसरी लिस्ट उन भक्तों की है जिनसे मैं बहुत प्यार करता हूँ और हनुमान जी से प्यारा मुझे संसार में कोई नहीं है ..

Advertisements

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s